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जोनल अधिकारियों की निगरानी में होगी धान खरीदी, टोकन काटने से लेकर धान उठाव तक रहेगी नजर  

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सीजी न्यूज डॉट कॉम

दुर्ग जिले में किसानों से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी में फर्जीवाड़ा रोकने के लिए कलेक्टर अंकित आनंद ने खरीदी केन्द्रवार जोनल अधिकारियों को जिम्मेदारी दी है। कलेक्टर ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय यादव के साथ अधिकारियों की बैठक लेकर शासन के निर्धारित नियमों और मापदंडों की जानकारी देते हुए जिम्मेदारी से धान खरीदी करने के निर्देश दिए। बता दें कि जिले में 80 धान खरीदी केन्द्रों के माध्यम से किसानों से समर्थन मूल्य पर धान की खरीदी चल रही है।

बैठक में कलेक्टर ने कहा कि समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के लिए साॅफ्टवेयर में किसानोें का पंजीयन किया गया है। साॅफ्टवेयर में किसानों के खसरा के साथ धान का रकबा, धान की किस्म की एंट्री की गई है। पूर्व में कुछ किसानों के पंजीयन या रकबा में त्रुटि होने की शिकायत थी जिसे पटवारियों ने सुधार लिया है। धान खरीदी के दौरान किसी किसान द्वारा रकबे में कमी या पंजीयन मंे त्रुटि होने की शिकायत होने पर शासन को सूचित किया जाएगा। समिति या जिला स्तर पर नया पंजीयन नहीं होगा। राज्य शासन के आदेश पर आगे की कार्रवाई होगी। प्रति एकड़ 14.80 क्विंटल धान की खरीदी होना है।

कलेक्टर ने कहा कि जोनल अधिकारी खरीदी केन्द्रों में पहुंचकर धान खरीदी की व्यवस्था पर पूरी गंभीरता से नजर रखें। खरीदी केन्द्रों में पंजीकृत और वास्तविक किसानों से ही धान खरीदी होना चाहिए। फर्जी व्यक्ति, कोचिया या बिचैलिया धान की खरीदी न कर पाएं। खरीदी केन्द्रों में प्रतिदिन काटे जा रहे टोकन की संख्या और बेचने आए किसानों के धान का भौतिक सत्यापन अनिवार्य रूप से करें। पंजीकृत किसान को समिति में पहुंचकर सर्वप्रथम टोकन कटाना होगा। समिति द्वारा टोकन में दी गई तारीख पर किसानों को धान लेकर आना होगा।

समिति में धान लेकर आने के बाद धान की गुणवत्ता, नमी की जांच होने पर किसानों की बोरी से समिति द्वारा उपलब्ध बोरों में पलटी की जाएगी। धान में धूल या भूसा होने पर किसान को स्वयं समिति के पंखे से साफ करना होगा। धान खरीदी के दौरान यह अनिवार्य रूप से देखा जाएगा कि नए धान के साथ पुराने धान की मिलावट तो नहीं है। इन मापदंडों से संतुष्ट होने पर धान की तौल की जाएगी। कलेक्टर ने अधिकारियों से सभी मापदंडों का पालन अनिवार्य रूप से करने कड़े निर्देश दिए।

.तो समिति होगी निलंबित, ज्यादा शार्टेज दिखाने पर कार्रवाई

कलेक्टर ने कहा कि निर्धारित मापदंडों का पालन न करने पर समितियों पर निलंबन की कार्यवाही की जा सकती है। खरीदे गए धान की मात्रा में ज्यादा शार्टेज दिखाने पर उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। समिति को धान खरीदी के तत्काल बाद सिलाई, स्टैकिंग का काम उसी दिन करना होगा। गलत स्टैकिंग करने वाले समिति पर कार्यवाही की जाएगी। देश में सबसे ज्यादा कीमत पर धान की खरीदी राज्य सरकार कर रही है। फर्जी या अपात्र किसान इसका फायदा लेने का प्रयास कर सकते हैं। इसे रोकना जरूरी है।