Breaking News

बॉयो मेट्रिक सिस्टम से धान खरीदी के फरमान से किसानों में आक्रोश : कहा – किसानों को परेशान न करे मोदी सरकार

द सीजी न्यूज

इस साल बायोमेट्रिक सिस्टम से किसानों से धान खरीदी व्यवस्था करने के केंद्र सरकार के फैसले पर पूरे प्रदेश के किसानों में जबरदस्त आक्रोश पनपने लगा है। किसानों का कहना है कि मोदी सरकार ने पहले किसानों को परेशान करने तीन कृषि कानून थोपने का प्रयास किया। किसान आंदोलन के कारण तीन काले कानून लागू करने में नाकाम रहने के बाद अब धान खरीदी व्यवस्था में बायो मेट्रिक सिस्टम थोपा जा रहा है। यह व्यवस्था किसानों को अकारण परेशान करने के लिए थोपी जा रही है।

दुर्ग, बालोद, बेमेतरा के किसानों ने द सीजी न्यूज रिपोर्टर से चर्चा के दौरान साफ कहा कि केंद्र की मोदी सरकार किसानों को तंग कर रही है। मोदी सरकार के इस फैसले से किसानों को काफी परेशानी होगी। इस साल भी पूर्व की तरह ही धान खरीदी होनी चाहिए। 

अहिवारा क्षेत्र के किसान विजय चंद्राकर का कहना है कि भूपेश सरकार द्वारा प्रति एकड़ 20 क्विंटल धान खरीदी का ऐलान करने से भाजपा बेचैन हो गई है। चुनावी साल में धान खरीदी व्यवस्था को डिस्टर्ब करने के लिए बायो मेट्रिक सिस्टम थोपा जा रहा है। धान का सबसे ज्यादा समर्थन मूल्य छत्तीसगढ़ की कांग्रेस सरकार दे रही है। साजिश के तहत छत्तीसगढ में धान खरीदी व्यवस्था को डिस्टर्ब करने का प्रयास किया जा रहा है। विजय चंद्राकर का कहना है कि पुराने नियमों के अनुसार ही धान खरीदी होनी चाहिए। बायो मेट्रिक सिस्टम लागू नहीं किया जाना चाहिए। 

बेमेतरा जिले के साजा क्षेत्र के किसान सुरेश पटेल ने कहा कि बायो मेट्रिक सिस्टम से धान खरीदी होने पर किसानों की परेशानी कई गुना बढ़ेगी। सर्वर डाउन होने पर किसानों को धान बेचने के लिए कई घंटे ज्यादा इंतजार करना पड़ेगा। बुजुर्गों के थंब इंप्रेशन न मिलने से भी धान विक्रय में परेशानी होगी।

नारधा के किसान विजय चौबे, अहिवारा तहसील के योगेश टिकरिहा, भुनेश्वर साहू, राकेश चंद्राकर, नरेंद्र धीवर, पार्वती साहू का कहना है कि पिछले साल तक धान खरीदी व्यवस्था की तुलना में इस बार बायो मेट्रिक सिस्टम से धान खरीदी की व्यवस्था में किसानों को कई समस्याओं का सामना करना पड़ेगा। सर्वर डाउन होने या थंब इंप्रेशन न मिलने पर किसानों को कई घंटे तक इंतजार करना पड़ेगा। बार बार खरीदी केंद्रों में भटकने जैसी दिक्कतें भी किसानों को झेलनी पड़ेगी।  

गुंडरदेही क्षेत्र के किसान संजय साहू ने कहा कि थंब इंप्रेशन न मिलने या सर्वर डाउन होने पर किसान धान नहीं बेच पाएंगे। उन्होंने सवाल किया कि जब धान खरीदी के लिए किसानों के आधार कार्ड लिंक किये गए हैं और ऑनलाइन भुगतान हो रहा है, तो बायो मेट्रिक सिस्टम की जरूरत क्यों है।

कांग्रेस नेताओं का कहना है कि साजिश के तहत भाजपा ने बायो मेट्रिक सिस्टम को लागू किया है। खुद भाजपा नेता अब झूठी अफवाह भी फैलाने लगे हैं। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि इस मुद्दे को लेकर किसानों के बीच हस्ताक्षर अभियान चलाया जाएगा। गांव-गांव में भाजपा की पोल खोली जाएगी। किसानों को बताया जाएगा कि बायो मेट्रिक सिस्टम मोदी सरकार ने लागू किया है। यह भी बताया जाएगा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल सहित धान खरीदी व्यवस्था से जुड़े वरिष्ठ अफसरों ने केंद्र सरकार को पत्र लिखकर बायो मेट्रिक सिस्टम लागू न करने कहा है, लेकिन अभी तक केंद्र सरकार ने कोई जवाब नहीं दिया है।

Check Also

भ्रदेश्वर महाकाल शिव मंदिर में टाइल्स, मार्बल, ग्रेनाइट लगाने भूमिपूजन संपन्न

THE CG NEWS भिलाई। सेक्टर-5 स्थित भ्रदेश्वर महाकाल शिव मंदिर में 3 लाख की लागत …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!