

द सीजी न्यूज डॉट कॉम
रायपुर के साइंस कॉलेज मैदान पर आयोजित राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव एवं राज्योत्सव समारोह के दूसरे दिन भी जनजातीय लोक-नृत्यों, वाद्यों और परिधानों ने इंद्रधनुषी छटा बिखेरी। आयोजन स्थल की साज-सज्जा ने भी दर्शकों को खूब लुभाया। इस दौरान लोगों ने विभिन्न लोकेशन पर जमकर सेल्फी ली और ग्रुप फोटो भी खिंचवाई। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को करीब पाकर लोगों ने उनके साथ भी सेल्फी ली और फोटो खिंचवाई।

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आज आयोजन स्थल पर कलाकारों और आम लोगों के बीच काफी समय बिताया। विभिन्न स्टॉलों और प्रदर्शनी स्थल का भी भ्रमण किया। इस दौरान कई लोगों ने मुख्यमंत्री से फोटो खिंचवाने का आग्रह किया। सीएम ने कई मौकों पर लोगों के मोबाइल से खुद ग्रुप सेल्फी ली। महोत्सव देखने के लिए छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में दर्शक रायपुर पहुंचे हैं। इन दर्शकों को लोक-कलाओं के साथ-साथ आयोजन स्थल की साज-सज्जा भी खूब लुभा रही है। मंच के सामने बांस से बनी साइकिल लोगों के आकर्षण का केंद्र रही। लोगों ने साइकिल के साथ जमकर सेल्फी ली।

समारोह के दूसरे दिन कार्यक्रमों की शुरुआत सुबह 9 बजे हुई। जनजातीय कलाकारों के दलों ने पंरपरागत पर्वों, आध्यात्मिक मान्यताओं और जन-जीवन से जुड़ी जीवंत प्रस्तुतियां दीं। पारंपरिक वेशभूषा और वाद्य यंत्रों के साथ लद्दाख के जबरो, मध्यप्रदेश के भगोरिया, असम के बीहू, केरल के वट्टाकली और महाराष्ट्र के गादली सुसुन लोक नृत्यों की मनोरम प्रस्तुतियां हुईं।
लोगों ने जमकर सराहना की
बिलासपुर से आए अनिल साहू ने कहा कि यहां आदिवासी संस्कृति की भव्यता को देखना एक अलग ही तरह का अनुभव है। भिलाई से आईं इंजीनियरिंग की छात्रा अनुपमा धीर ने कहा कि उन्होंने यहां भारत की विभिन्न जनजातियों द्वारा प्रस्तुत विभिन्न शैलियों के बहुत सारे नृत्य एक ही दिन में देख लिए। मैंने यहां आदिवासी संस्कृति के जो रंग देखे, वे अकल्पनीय हैं। राजनांदगांव से आए सुनील कुर्रे ने मेले में लगे स्टॉल्स को ज्ञानवर्धक बताया।
THE CG NEWS | Online hindi news in chhattisgarh Online hindi news portal