• कानूनगो की रोकी गई वेतनवृद्धि
  • पटवारी कार्यालय में किया ऋण पुस्तिका का वितरण
  • लंबित आवेदनों की कार्रवाई में तेजी लाने दिए निर्देश

द सीजी न्यूज

दुर्ग / संभागायुक्त महादेव कावरे ने आज राजनांदगांव जिले के डोंगरगांव तहसील अन्तर्गत अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय डोंगरगांव, तहसील कार्यालय डोंगरगांव और पटवारी कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। कार्यालय में सभी शाखाओं में संबंधित कर्मचारी के टेबल में नेम प्लेट न होने पर कावरे ने अनुविभागीय अधिकारी नायक और तहसीलदार ध्रुव को 3 दिनों के भीतर नेम प्लेट रखने के निर्देश दिए।


रजिस्टर अपडेट न होने पर कर्मचारी की रोकी वेतनवृद्धि 
निरीक्षण के दौरान डोंगरगांव तहसील कार्यालय में निरीक्षण के दौरान कावरे ने वहां उपस्थित ग्रामीणों व पक्षकारों से चर्चा की। कार्यालय में शाखाओं के निरीक्षण के दौरान कावरे ने डब्ल्यू.बी.एन शाखा मे संधारित होने वाली पंजियो बी-4, बी-7, पी-2, वर्गीकरण पंजी का अवलोकन किया, जिसमें विविध राजस्व की वसूली होना शेष पाया गया और पंजियों को  अपडेट नहीं किया गया था। कावरे ने इस पर नाराजगी जताई।  संबंधित कर्मचारी बिलकीस खान को 15 दिवस के भीतर इसे पूर्ण करने के निर्देश दिये गए। कानूनगों शाखा में संधारित हो रही पंजियों का निरीक्षण भी किया। सर्किल नोटबुक के लंबे समय से अपडेट न होने के साथ ही अभिलेखों के अव्यवस्थित रख-रखाव पर संभागायुक्त ने  संबंधित कर्मचारी शरद जोशी की वेतन वृद्धि रोकने के निर्देश दिए।
लोक सेवा गारंटी अंतर्गत लंबित आवेदनो का त्वरित करें निराकरण

संभागायुक्त महादेव कावरे ने तहसील डोंगरगांव में लोक सेवा गारंटी अंतर्गत 2798 लंबित आवेदन होने पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की और  वहां उपस्थित संबंधित अधिकारी कोमल ध्रुव, तहसीलदार डोंगरगांव और अशोक सिंह राजपूत नायब तहसीलदार को फटकार लगाते हुए इस पर तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए।न्यायालय तहसीलदार में 260 प्रकरण और न्यायालय नायब तहसीलदार तुमड़ीबोड़ में 127 प्रकरण पेंडिंग पाए गए। संभागायुक्त ने पुराने प्रकरणों को प्राथमिकता के आधार पर त्वरित निराकरण हेतु निर्देशित किया और प्रकरणों में सुनवाई पूर्ण हो चुके आवेदनों में आदेश पत्र जारी करने के निर्देश दिए।
लोक सेवा केन्द्र डोंगरगांव का किया निरीक्षण–
संभागायुक्त ने लोक सेवा केन्द्र डोंगरगांव में दर्ज आवेदनों के अवलोकन के दौरान ड्रायविंग लायसेंस के लंबित आवेदन पर तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उपस्थित अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी आवेदनों का निराकरण किसी भी परिस्थिति में समय सीमा के भीतर ही कर लिया जाये।